रसूख के चलते डीएम द्वारा शासन को भेजी गयी रिपोर्ट पर नही हुई कार्यवाही

रसूख के चलते डीएम द्वारा शासन को भेजी गयी रिपोर्ट पर नही हुई कार्यवाही


 प्रतापगढ़ । एक कहावत है जब सैंया भये कोतवाल तो अब डर काहे का।  अगर आप के पास सत्ता से जुडे लोगो से सम्बन्ध है तो डरने की कोई बात नहीं है। आप कुछ भी करिये आप का कुछ भी नहीं होगा। जिलाधिकारी महोदय ने शासन को तीस जून को रिपोर्ट भेजी जिसमे जिले के कुछ पुलिस विभाग के लोगों का नाम गया, कि वह सही से अपना कार्य नहीं कर रहे हैं। जिलाधिकारी के इस रिपोर्ट के आधार पर कुछ पुलिस विभाग के कुछ अफसरों का तबादला तो हो गया। लेकिन उनका तबादला अब तक नहीं हो पाया जो सत्ता से जुडे लोगों से सम्बन्ध रखते हैं। डीएम की रिपोर्ट मे‌ तीन अधिकारी और छह इंसपेक्टर पर सही रूप से काम न करने पर रिपोर्ट दी गयी थी। इसके आधार पर अपर पुलिस अधीक्षक अवनीश कुमार और सीओ अंजनी राय,जिलाजीत चौधरी, इंस्पेक्टर रवीन्द्र श्रीवास्तव को तो हटा दिया गया । लेकिन अभी भी अंतू इंस्पेक्टर संजय समेत चार लोग अब भी जिले मे काम‌ कर रहे हैं। तो क्या महज दिखावा है कि गलत कार्य करने वालों पर कार्यवाही होगी। क्या डीएम द्वारा भेजी गयी रिपोर्ट पर महज कुछ चंद लोगो पर कार्यवाही कर खानापूर्ति कर लिया गया। आखिरकार जिन लोगों का नाम डीएम द्वारा रिपोर्ट मे दिया गया था उनमे कई नामों पर अब तक कार्यवाही क्यों नही हुई। तो क्या डीएम की रिपोर्ट को डस्टबिन मे डाल दिया गया। आखिर कब होगी अन्य लोगो पर कार्यवाही । देखना यह है कि डीएम की रिपोर्ट मे ज्यादा ताकत है या सत्ता से जुडे लोगो।