नौ माह से रियाद (सऊदी अरब) की जेल में जौनपुर के सरपतहां क्षेत्र के गंगौली निवासी एक युवक बंद है,

जौनपुर। नौ माह से रियाद (सऊदी अरब) की जेल में जौनपुर के सरपतहां क्षेत्र के गंगौली निवासी एक युवक बंद है
  
     गंगौली निवासी मिथिलेश यादव वर्ष 2011 से सऊदी अरब के रियाद शहर में बतौर वाहन चालक नौकरी करता था। 12 सितंबर 2017 को वह फिर रियाद गया था।
      20 फरवरी 2019 को वह अपने मालिक के साथ कार से कहीं जा रहा था। रास्ते में उसकी कार गलती से रेड सिग्नल पार कर गई और एक दूसरी कार से टकराते हुए डिवाइडर से भिड़ गई। 
   इस दौरान जॉर्डन की एक विदेशी महिला घायल हो गई। जिसकी कुछ दिन बाद मौत हो गई। महिला की मौत के बाद वहां की पुलिस ने मिथिलेश को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। 
      बताया गया कि जिस कार को वह चला रहा था उसका न तो बीमा था और न ही कोई कागजात। आरोप है कि कार मालिक ने खुद को फंसता देख जल्द ही उसे जेल से छुड़ाने का आश्वासन देकर धोखे से अरबी में लिखे फर्जी कागजातों पर हस्ताक्षर करा लिया। जिससे सऊदी कोर्ट में घटना की सारी जिम्मेदारी मिथिलेश पर आ गई।
     कोर्ट ने उस पर डेढ़ लाख रियाल (लगभग 28 से 30 लाख भारतीय मुद्रा) का जुर्माना लगाकर जेल भेज दिया।
    इधर गत नौ माह से पूरे परिवार पर मानो विपत्ति का पहाड़ टूट पड़ा है। बूढ़े पिता झूरी, माता अनारकली, पत्नी सुषमा (35) व तीन पुत्रियों क्रमश: गोल्डी (14), प्रिया (13) व ब्यूटी (10) रात की नींद और दिन का सुकून छिन गया है। 
      एसडीएम शाहगंज राजेश वर्मा ने कहा कि मामले को एक सामाजिक कार्यकर्ता के माध्यम से संज्ञान में लाया गया है। पीड़ित परिवार से मुलाकात के बाद जो भी संभव होगा मदद की जाएगी।