आज खुले में शौच से मुक्त होगा देश!PM मोदीऔर सोनिया गांधी ने दी महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि

     आज राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की 150वीं जयंती है। इस अवसर पर देशभर में कई सारे कार्यक्रम आयोजित हो रहे हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने महात्मा गांधी की 150वीं जयंती पर बुधवार को राजघाट पर उन्हें श्रद्धांजलि दी। पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह और कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने भी राष्ट्रपिता को पुष्पांजलि अर्पित की।


    भाजपा और कांग्रेस दोनों दलों ने इस अवसर पर कई समारोह आयोजित किए जाने की योजना बनाई है। इसके अलावा, राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद, उप राष्ट्रपति एम.  वेंकैया नायडू और कई नेताओं ने राष्ट्रपिता महात्मा गांधी और पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर  शास्त्री को उनकी जयंती के मौके पर बुधवार को याद किया। पीएम मोदी गांधी जयंती के मौके पर गृहराज्य गुजरात में साबरमती आश्रम जाएंगे और वहां भी गांधी जी को श्रद्धांजलि अर्पित करेंगे।


महात्मा गांधी की 150 वीं जयंती के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बुधवार को यहां साबरमती आश्रम आएंगे और बाद में देश को खुले में शौच से मुक्त (ओडीएफ) घोषित करेंगे। भाजपा के एक नेता ने यह जानकारी दी। गांधी जी की 150वीं जयंती पर सालभर होने वाले कार्यक्रमों के हिस्सा के तौर पर बुधवार को यहां और गुजरात के अन्य हिस्सों में कई समारोह आयोजित किए जाएंगे। 


पीएम मोदी ने अपने ट्विटर अकाउंट पर राष्ट्रपति महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा, “राष्ट्रपिता महात्मा गांधी को उनकी 150वीं जन्म-जयंती पर शत-शत नमन।  हम महात्मा गांधी के प्रति मानवता के लिए उनके सार्वकालिक योगदान के लिए आभार व्यक्त करते हैं। इस मौके पर हम उनके सपनों को साकार करने और धरती को बेहतर बनाने के लिए कड़ी मेहनत करते रहने की प्रतिज्ञा करते हैं।”


राष्ट्रपिता महात्मा गांधी को उनकी 150वीं जन्म-जयंती पर शत-शत नमन।






 






  उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री शास्त्री को उनकी जयंती की मौके पर याद करते हुए कहा, “ 'जय जवान जय किसान' के उद्घोष से देश में नव-ऊजार् का संचार करने वाले पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री जी को उनकी जयंती पर शत-शत नमन।”




प्रदेश भाजपा अध्यक्ष जीतू वघानी ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी शाम करीब छह बजे अहमदाबाद हवाई अड्डे पर पहुंचेंगे। वहां पार्टी की नगर इकाई द्वारा आयोजित समारोह में भाजपा कार्यकर्ताओं द्वारा उनका स्वागत किया जाएगा। उसके बाद वह महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि देने के लिए साबरमती आश्रम जाएंगे। वहां से वह साबरमती रिवरफ्रंट जाएंगे जहां वह 20,000 से अधिक ग्राम प्रधानों की उपस्थिति में देश को खुले में शौच से मुक्त घोषित करेंगे।


इस समारोह के लिए गांधीवादी संस्थानों, उच्च न्यायालय के न्यायाधीशों, पद्म पुरस्कार से सम्मानित लोगों, छात्रों, शिक्षाविदों और ग्राम-स्तरीय स्वच्छता कार्यकर्ताओं को आमंत्रित किया गया है। उन्होंने कहा कि मोदी नगर के जीएमडीसी मैदान में आयोजित राज्य स्तरीय नवरात्रि समारोह में भी शामिल होंगे। वह कुछ समय गरबा मैदान में बिताएंगे और फिर दिल्ली रवाना हो जाएंगे। साबरमती रिवरफ्रंट पर दो अक्टूबर के समारोह में भाग लेने के लिए गुजरात आने वाले लोगों को दांडी स्थित स्मारक के अलावा महात्मा गांधी से जुड़े विभिन्न स्थानों पर ले जाया जाएगा। 


नवसारी के जिला प्रशासन ने दांडी समुद्र तट पर बड़ा सफाई अभियान का आयोजन किया है। नवसारी जिले में स्थित दांडी में ही गांधी ने नमक कानून तोड़ा था। अहमदाबाद के साबरमती में स्थित गांधी आश्रम में दिन की शुरुआत सुबह करीब 8.30 बजे सर्वधर्म प्रार्थना से होगी।


 


राज्य भर के प्राथमिक स्कूलों के करीब 900 छात्र साबरमती आश्रम में एकत्र होंगे और उनमें से कुछ अहिंसा के संबंध में गांधी के उपदेशों पर अपने विचार व्यक्त करेंगे। मुख्यमंत्री विजय रूपाणी सुबह महात्मा गांधी के जन्म स्थान पोरबंदर में रहेंगे और 44 करोड़ रुपये की लागत से अस्मावती नदी पर निर्मित रिवरफ्रंट का लोकार्पण करेंगे। वह महात्मा गांधी के पैतृक घर कीर्ति मंदिर में आयोजित एक प्रार्थना सभा में भी शामिल होंगे जहाँ दो अक्टूबर, 1869 को महात्मा गांधी का जन्म हुआ था।


इन्होंने महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि दी:
राष्ट्रपति कोविंद ने कहा, “गांधी जयंती के दिन बापू को श्रद्धांजलि। राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की 150 वीं जयंती का दिन हम सबके लिए सत्य, अहिंसा, सौहार्द, नैतिकता और सादगी के आदर्शों के प्रति स्वयं को समर्पित करने का है। उनकी शिक्षाएं पूरी मानवता के लिए आज भी प्रासंगिक है। वह सदैव हमारे पथ-प्रदर्शक रहेंगे।”


उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू ने कहा, “मैं राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की 150 वीं जयंती के अवसर पर देशवासियों को हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं देता हूं। गांधीजी की स्वतंत्रता, गरिमा और समानता के सिद्धांत समय सीमा तक सीमित नहीं हैं। उनके पास सार्वभौमिक व्यवहारिकता और कालातीत मूल्य थे। सत्य-अहिंसा के सिद्धांतों और राष्ट्र की स्वतंत्रता के प्रति उनकी अटूट प्रतिबद्धता, शौर्य और अन्याय की मुखालफत करने की साहस ने उन्हें दुनिया का सर्वकालिक सर्वश्रेष्ठ नेता बना दिया।”


उन्होंने कहा, “भारत लगातार महात्मा गांधी के दृष्टिकोण से प्रेरणा लेता है। सबसे सफल कार्यक्रमों में से एक स्वच्छ भारत कार्यक्रम या 'क्लीन इंडिया प्रोग्राम' गांधीजी के सपनों को साकार करने की पहल है। भारत खुले में शौच मुक्त समाज के लक्ष्य को प्राप्त करते ही बड़ा मील का पत्थर को पार कर लेगा। गांधी जी ने एक आत्मनिर्भर भारत, गरीबी, भेदभाव और सामाजिक बुराइयों से मुक्त एक ऐसे देश की कल्पना की, जिले दुनिया में गौरव और सम्मान मिले।” उन्होंने कहा “इस गांधी जयंती पर हम देश सामंजस्य, स्वच्छता औक समृद्ध के लिए उनके दृष्टिकोण को साकार मिलकर काम करने का संकल्प लें।”